मेरा स्कूल

मेरा स्कूल

हमारे समय में बड़ी कक्षाओं में तथा बोर्ड परीक्षा की कक्षाओं में बच्चों को एक विषय दिया जाता था- “मेरी पाठशाला’ या “मेरा स्कूल’ पर निबंध लिखो। अब तो निबंधात्मक प्रश्र्न्न बंद ही कर दिए गए हैं। अतः स्कूल के बारे में चिंतन भी बंद हो गया है। उन दिनों हम स्कूल पर जो कविता […]

ओटावा – रानी विक्टोरिया का प्रिय शहर

ओटावा – रानी विक्टोरिया का प्रिय शहर

दुनिया के दूसरे सबसे बड़े देश कनाडा की राजधानी बनने के लिए सन् 1857 में इसके कई शहरों के बीच दावेदारी थी; मांटियल, किंग्सटन, टोरंटो और क्यूबेक। लेकिन सेहरा बंधा ओटावा के सिर तो इसकी सबसे बड़ी वजह यह थी कि ओटावा ब्रितानी महारानी विक्टोरिया की पसंद था। कनाडा की राजधानी ओटावा, दक्षिण-पूर्व ओंटारियो प्रांत […]

गोम्पाओं की धरती : स्पीति घाटी

गोम्पाओं की धरती : स्पीति घाटी

साल में छः माह से अधिक समय तक बर्फ की सफेद चादर से ढकी रहने वाली हिमाचल की स्पीति घाटी को “गोम्पाओं की धरती’ भी कहा जाता है। इस घाटी के उत्तर में लद्दाख, पश्र्चिम में चम्बा और पूर्व में तिब्बत पड़ता है। हिमश्र्वेतिमा और यहां के अजीबो-गरीब रीति-रिवाजों के लिए यह घाटी काफी मशहूर […]

पशुपतिनाथ धाम की महिमा

पशुपतिनाथ धाम की महिमा

नेपाल अति प्राचीन काल से धार्मिक महिमा और सांस्कृतिक गरिमा से सुसम्पन्न रहा है। नेपाल की राजधानी “काष्ठ मंडप’ (एक ही काष्ठ से बना हुआ विशाल नक्काशीदार मंडप) कालांतर में काठमांडू हो गया। काठमांडू महाराजगंज जनपद के सुनौली से बस द्वारा पहुँचा जा सकता है। सुनौली से आगे 25 कि.मी. बुटवल से काठमांडू के लिए […]

रामेश्वर

रामेश्र्वरम स्थित रामनाथ स्वामी मंदिर भारत के महत्वपूर्ण तीर्थ स्थलों में से एक है। भारत के बारह ज्योतिर्लिंगों में से एक यह मंदिर तीर्थयात्रा का विशेष स्थान माना जाता है। बनारस स्थित मंदिर की तरह यह भी पवित्र स्थलों में गिना जाता है। यह मंदिर रामायण और भगवान राम की विजय से भी जुड़ा है। […]

काबुल

काबुल

काबुल का नाम लेते ही जेहन में एक खौफनाक तस्वीर उभरती है। धूल भरी वीरान सड़कें, शहर के हर कोने में मौजूद खंडहर, दहशत़जदा लोग और गश्त लगाते अमेरिकी सैनिक। काबुल की छवि एक युद्घग्रस्त शहर की है। जहां हर पल ़खतरा मौजूद है। जहां जंग में स्थानीय कबीले हमेशा उलझे रहते हैं। लेकिन काबुल […]

एम्सटर्डम कला संग्रहालयों का शहर

एम्सटर्डम कला संग्रहालयों का शहर

एम्सटर्डम नीदरलैंड की राजधानी और यहां का सबसे बड़ा शहर है। एम्सटेल नदी इसके बीचोंबीच से होकर बहती है, जो शहर को दो हिस्सों में बांटती है। एम्सटेल नदी के कारण ही इस शहर का नाम एम्सटर्डम पड़ा। एम्सटर्डम नीदरलैंड का सबसे बड़ा व्यापारिक और औद्योगिक उत्पादक शहर होने के साथ-साथ यहां की बैंकिंग व्यवस्था […]

योगेश्वर कृष्ण की नगरी द्वारिका

द्वारिका न सिर्फ एक तीर्थ है, बल्कि योगेश्र्वर कृष्ण की नगरी भी है। धार्मिक ग्रंथ में अगर कृष्ण का उल्लेख आता है, तो द्वारिका का नाम आए बिना नहीं रहता। हिन्दुओं का प्रमुख तीर्थ है द्वारिका। हिन्दू-धर्म ग्रंथों के अनुसार यहॉं भगवान कृष्ण का राज्य था। इसीलिए इसका महत्व बढ़ जाता है। कुछ ग्रंथों में […]

शुक्रा तीर्थ : जहां हुई थी पहली भागवत कथा

उत्तर-भारत में गंगा के तट पर स्थित तीर्थों में शुक्रातीर्थ को “तीर्थ सम्राट’ कहा जाता है। हस्तिनापुर, विदुर कुटी (बिजनौर) के समान ही शुक्रातीर्थ (मुजफ्फर नगर) उन तीर्थों में है, जिसे श्रीकृष्ण ने अपने पावन चरणों से पवित्र किया। शुक्रातीर्थ पर असंख्य ऋषि-मुनियों की उपस्थिति में वटवृक्ष के नीचे बैठकर व्यास नंदन महर्षि शुकदेव जी […]

ढोसी – एक पवित्र स्थान

ढोसी – एक पवित्र स्थान

हरियाणा के महेन्द्रगढ़ जिले में नारनौल शहर के पश्र्चिम में आठ किलोमीटर की दूरी पर स्थित है ढोसी। प्राचीन समय में यहॉं सघन वन था। ढोसी की पहाड़ी हरियाणा में सबसे ऊँची पहाड़ियों में से एक है। आज यहॉं घने वन नहीं रहे, किन्तु इसके धार्मिक एवं ऐतिहासिक महत्व को देखते हुए पहाड़ी की चोटी […]

1 2 3